शांति जिंदगी में सर्वोपरि है बिना शांति के जीवन जीना दुष्कर हो जाता है ,इंसान पैसो बिना रह सकता है ,इंसान इज्ज़त बिना जीवन गुज़र सकता है परन्तु बिना शांति के वो एक दिन भी गुजरना उसे भारी पर जाता है ,ईश्वर की बनाई इस अदबुध दुनिया में पल पल अजीबोगरीब ख्याल व्यक्ति की जिंदगी में उमरते रहते है ,दुःख एम ख़ुशी का वक्त हर ख्यर बदलता रहता है ,वो इंसान के विचारो को हर पल गुमाता रहता है .यही व्यक्ति की सही पहचान होती है की वो अपने आप को कितना मज़बूत और दृढ रखता है और शांति के साथ हर पल को ख़ुशी में गुजार देता है ,जिंदगी जीने का तजुर्बा व्यक्ति को इनमे बखूबी साथ देता है .
जीवन जीना वैसे अपने आप में कला है ,और जो इस कला को सीख कर जिए समझो जीवन का हर सुख उसने प्राप्त कर लिया .
खुशनसीब है वो बन्दा जिसने इस खुबसूरत दुनिया में आकर इसका पूरा आनंद पुरे समय में बखूबी प्राप्त किया .कुछ जरुरी टिप्स में निचे दे रहा हु होसकता है आपके कम आये =
१.प्रात शीघ्र बिस्तर छोर देना
२.ईश्वर को सिमरन के बाद कुछ वक्त योग में बेठ जाना
३. सही वक्त पर दफ्तर पहुचना .
४. अपने काम से काम रखना ,हर व्यक्ति से प्यार एम हसकर बोलना
५. अगर कोही जरुरत मंद घर पर कुछ मांगने आये तो उसकी आवश्यकता अवश्य पूरी करना
६.किसी भी व्यक्ति की निंदा न करना ,प्रकृति की बनाई हुई हर चीज से प्यार करना
७. परिवार में हर सदस्य की इच्छा पूरी करना एम घर में शांतिमय वातावरण बने रखना
८.हर साल परिवार के साथ किसी दुसरे शहर में कुछ दिनों के लिए घुमने जाना
९.समाज में अगर आपकी जरुरत हो अवश्य वक्त उया पैसे देना
१०.दुःख एम सुख को हमेशा एक साथ लेना और हमेशा प्रसन रहना .
जिंदगी का तजुर्बा यही कहता है की कुछ सालो की जिंदगी में हर और प्यार और शांति दे यही जीवन का सार है "जियो और जीने दो " हरयाली और रास्ता जहाँ सकून ही सकून है .

